Advertisements

Tag Archive: mystic solutions


नवग्रह अरिष्ट शांति का जैनागम में शास्त्रोक्त उपाय

=========================== *Source Unknown*============================

 1……...सूर्य  ग्रह सिंह राशि का स्वामी है, यह दशम स्थान में शुभ फलदायी, आत्माकारक तथा पितृकारक

होता है। इसकी अशुभता से जातक आलसी, भयालु पितृ वैरी होता है। नौकरी व व्यवसाय में बार-बार

विघ्न आते हैं। व्यापारिक कार्यों में असफलता मिलती है, जातक राजकीय प्रकोप का भाजन बनता

है, कोर्ट कचहरी, विवाद, पितृ दोष, हृदय रोग, उदर विकार, ऋण (कर्जा) , झूठे अभियोग, प्रतिष्ठा

हानि, अल्सर, पित्त आदि होता हैं। आत्म विश्वास कम रहता है, मन पाप कार्यों में अधिक प्रवृत्त होता

है, गृहस्थ जीवन कलहपूर्ण व संतान सुख से हीन बनता है, इत्यादि सूर्य ग्रह के अरिष्ट प्रभाव होने पर उसकी शांति हेतु प्रतिदिन श्री पद्मप्रभु चालीसा, श्री नवग्रह शांति चालीसा करें एवं वर्ष में कम से कम एक

बार श्री नवग्रह शांति विधान कर जीवन का उत्थान अवश्य करें।

2…..…...चंद्रमा ग्रह  कर्क राशि का स्वामी है। यह चतुर्थ स्थान, माता, भूमि-भवन, वाहन, वाणी, सुख का

प्रमुख कारण होता है, चन्द्र की शुभता उपरोक्त विषयों की अनुकूलता प्रदान करती है और यदि

माता, भूमि-भवन, वाहन सुख का अभाव हो, वाणी में कर्कशता हो, मानसिक तनाव, फेफड़े का रोग,

चिंता, दुर्बलता, धन की कमी, हृदय का रोग, जलोदर रोग, रक्ताल्पता, रक्त प्रकोप, हाय-ब्लडप्रेशर आदि

की संभावना हो, मन में बुरे विचार आते हों, आत्महत्या की भावनायें बनती हों, विद्यार्जन, उच्च

पद प्राप्ति में निरंतर असफलता मिलती हो तो चंद्र की प्रतिकूलता का प्रभाव है, इन समस्याओं का

एकमात्र समाधान श्री चंद्रप्रभु चालीसा, श्री नवग्रह शांति चालीसा व नवग्रह शांति विधान से

हो सकता है।

3……….मंगल ग्रह मेष और वृश्चिक राशि का स्वामी है और ग्रहों में सेनापति है, दशम स्थान का कारक है।

इसके शुभ होने पर उच्च राजयोग बनता है, जातक में नेतृत्व क्षमता आती है। इसकी प्रतिकूलता होने पर

जीवन में पदोन्नति में बाधायें आती हैं और घर में आग लगना, लड़ाई-झगड़ा, अनावश्यक कोर्ट कचहरी के

झगड़ों में उलझना, मकान में वास्तु दोष, पराक्रम का अभाव, अतिरिक्त मांसपेशियों के रोग, तीव्र ज्वर,

विषम ज्वर, बार-बार एक्सीडेंट, रक्त विकार, फोड़े- फुँसी, होठ फटना, भौतिक विषयों के प्रति तीव्र

लालसा होती है। उपरोक्त मंगल के अरिष्ट शांति हेतु श्री वासुपूज्य भगवान का चालीसा करें। श्री नवग्रह

शांति चालीसा एवं श्री नवग्रह शांति विधान करके अपना सौभाग्य जगायें।

 4………बुध ग्रह मिथुन व कन्या राशि का स्वामी है इसकी अनुकूलता होने पर जातक की वाणी में

सरस्वती का वास होता है। बुध वाणी, विद्या, बुध्दि, व्यापार और धन का कारक ग्रह माना गया है।

इसकी प्रतिकूलता होने पर व्यापार में परेशानी, धन हानि, बुध्दि विभ्रम, ब्लड कैंसर, चर्म कैंसर, कुष्ठरोग,

वाणी के कारण झगड़े आदि होते है। जिन्हें उपरोक्त अरिष्ट हो वे तथा बुध्दि जीवी, कवि, लेखक,

वास्तुविद्, प्रवचनकार, ज्योतिषी, वैद्य, डाँक्टर, साधु-संत, दार्शनिक आदि लोग बुध ग्रह की अरिष्ट

शांति हेतु एवं बुध ग्रह को प्रबल बनाने के लिए श्री शांतिनाथ भगवान का चालीसा करें। श्री नवग्रह

शांति चालीसा करें। श्री नवग्रह शांति चालीसा एवं श्री नवग्रह शांति विधान के माध्यम से जीवन

की सर्वांगीण भाग्योन्नति संभव है।

5………गुरू ग्रह धनु और मीन राशि का स्वामी है। यह दूसरे, पाँचवें व नववें भाव का विशेष कारक होता है।

विद्या, विवाह, धार्मिक भावना एवं अध्यात्म का प्रमुख कारक है। इसकी प्रतिकूलता होने पर उच्च

शिक्षा में व्यवधान आता है। आध्यात्मिक और नैतिक भावनाऐं कम होती हैं, विवाह संबंध में परेशानी,

संतान हानि, गले में खराबी, बुध्दि भ्रम इत्यादि गुरू ग्रह संबंधी अरिष्ट शांति हेतु भगवान श्री आदिनाथ

जी का चालीसा, श्री नवग्रह शांति चालीसा एवं श्री नवग्रह शांति विधान ही उत्तम उपाय है।

6……….शुक्र ग्रह वृषभ और तुला राशि का स्वामी है। यह संगीत, नृत्य, अभिनय, लेखन, गायन, चित्रकला

आदि का मुख्य कारक है। यदि लग्नेश शुक्र भाग्य भवन में बैठ जायें तो जातक को उच्च धर्माधिकारी

बनाता है और इसकी प्रतिकूलता तंबाखु, सिगरेट, शराब आदि व्यसनों के आधीन बनाती है। गुर्दा रोग,

जलोदर, गुप्त रोग, नजला-जुकाम, कंठ रोग, खुशी में गम आना, प्रोस्टेट कैंसर आदि शुक्र ग्रह की

प्रतिकूलता से होते हैं। उपरोक्त प्रतिकूलताओं से बचने के लिए श्री पुष्पदंत भगवान का चालीसा पाठ करें।

श्री नवग्रह शांति चालीसा व नवग्रह शांति विधान करके भाग्य को समुन्नत बनायें व कला कौशल बनें।

7……..शनि ग्रह मकर और कुंभ राशि का स्वामी है, शनि अध्यात्म का मुख्य कारक है। यह अनुकूल होने पर

जातक को दीर्घायु देकर मालामाल कर देता है। अनुकूलता में धन आदि सुख छप्पर फाड़ के देता है और

प्रतिकूल होने पर कपड़े भी उतार देता है। अर्थात इसकी अनुकूलता करोड़पति और प्रतिकूलता रोडपति

बना देती है। अग्निकाण्ड, दुर्घटना, अयोग्य संतान, शरीर के निचले भाग में रोग, पैर-तलवे स्नायु संबंधी

पीड़ा, हड्डी टूटना, धीमी गति से कार्य होना, कार्यों में रुकावटें आना इत्यादि शनि के अरिष्ट

शांति हेतु श्री मुनिसुव्रतनाथ भगवान का चालीसा करें। श्री नवग्रह शांति चालीसा व श्री नवग्रह शांति विधान से अपना सर्वांगीण विकास करें।

8……..राहू ग्रह कन्या राशि का स्वामी माना गया है। इसकी अनुकूलता में अकस्मात धन प्राप्ति के

योग बनते हैं। लाटरी खुलना, पूर्वजों की वसीयत प्राप्त होना आदि अचानक धन लाभ राहू ग्रह

कराता है और प्रतिकूल होने पर जातक को जुआँ, सट्टा, रिश्वतखोरी, चोरी, डकैती, तस्करी आदि के

माध्यम से राजकोप का भाजन बनाता है। इसकी तीव्र प्रतिकूलता फांसी के फन्दे तक ले जाती है।

सिर पर चोट, गैस्टिक, विचारों में अस्थिरता, मधुमेह (डायबिटीज), हृदय रोग, लम्बी बीमारी आदि राहू

की प्रतिकूलता के लक्षण हो सकते हैं। इसकी अरिष्ट शांति हेतु प्रतिदिन नेमिनाथ भगवान का चालीसा

करें। कुंडली में ग्रहण योग, पाप कर्तरी योग, कालसर्प योग होने पर प्रतिदिन श्री नवग्रह शांति चालीसा

करें एवं प्रतिमास श्री नवग्रह शांति विधान से समस्त पापों का नाश करें।

9……..केतु ग्रह मीन राशि का अधिपति माना गया है। यह जिस ग्रह के साथ बैठता है उसकी ही

प्रतिकूलता या अनुकूलता को बढ़ाता है। इसकी प्रतिकूलता से जातक के साथ बार-बार विश्वासघात

होता है। मूत्र विकार, पुत्र पर संकट, अचानक परेशानी, पुत्र द्वारा दुर्व्यवहार, कारागृह, यकृत

(लीवर) सम्बंधी रोग, हाथ-पैरों में सूजन, बावासीर आदि केतु ग्रह की प्रतिकूलता से होते हैं। इसकी

अरिष्ट शांति हेतु श्री पार्श्वनाथ भगवान का चालीसा करें और कालसर्प योग होने पर श्री नवग्रह

शांति चालीसा एवं प्रतिमास श्री नवग्रह शांति विधान से समस्त दुःखों का निदान करें।……….

रोहित शाह (Rohitt Shah)

Vastu Acharya & Master Numerologists

9049410786

7776034447

www.iBlogsAbout.com

www.MysticSolutions.com à www.MantraTantraYantras.com

External Sources:  http://www.jinvanisangrah.com/category

http://www.jinvanisangrah.com/category/%E0%A4%9A%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%80%E0%A4%B8%E0%A4%BE-%E0%A4%B8%E0%A4%82%E0%A4%97%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%B9-chalisa-sangrah/

http://www.jinvanisangrah.com/category/%E0%A4%A8%E0%A5%88%E0%A4%AE%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BF%E0%A4%95-%E0%A4%AA%E0%A5%82%E0%A4%9C%E0%A4%BE%E0%A4%8F%E0%A4%81-naimittik-poojayen/%E0%A4%A8%E0%A4%B5%E0%A4%97%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%B9-%E0%A4%B6%E0%A4%BE%E0%A4%82%E0%A4%A4%E0%A4%BF-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A5%8B%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B0-%E0%A4%B9%E0%A4%BF%E0%A4%82/

http://jainpuja.com/jain-puja/navgrah-karak-mantra.aspx

https://jainsquare.wordpress.com/2012/04/04/navgrah-shanti-ke-jain-mantra/

Navgrah Jain Mantras

Document Version in PDF Format:

NAV Graha Mantra in Hindi and English

Advertisements

CAREER GROWTH for Number 4:

Number 3 is associated with planet Rahu. List of profession best suited for number 4 person. If you wish to have growth in your career then there are many remedies one needs to follow; here are the few simple remedies one can follow.

Please do note that remedies works best if Name number is best aligned with your date of birth.

Career Growth for Number 4 By Mystic Solutions

 

Rohitt Shah (B. Eng., CSM)

Vastu Acharya, Master Numerologist

Lal Kitab and iBazi consultant

Contact:

eMail: MysticValues@gmail.com

Call: +9049410786 OR +7776034447

Online:  www.MasterNumerologist.in

www.MantraTantraYantras.com

Blog: www.iBlogsAbout.com

==========================================================================

Comments are most welcome. If you need any specific help then do post question(s) and we will do our level best to address in upcoming post(s).

Rohitt Shah (Vastu Acharya – Numero Vastu Guru)

Mahavastu, Numerology, Bazi and Lal Kitab Consultant

Our Online presences and links to follow US

NOTE: One need to ensure that they locate the direction accurately for tips to work. We work on 16 zones (directions) so make sure you plot the direction accurately.

16 Zones (directions): North, North of NE, North-East(NE), East of NE East, East of SE, South-East (SE), South of SE, South, South of SW, South-West (SW), West of SW, West, West of NW, North-West (NW), North of NW. Each zone carries its own attributes, colours, patterns and associations with 5 elements (Water, wood, Fire, Earth and Space).

Other Useful Numero Tips /articles:

Numerology Tip: Numerology Tip: Born from year 2000 onwards; You must Read

Numerology Tip: Your Birthdate and Numerology

Numerology Tip: What is Numerology

Numerology Tip: What Number says about your Profession!!!

Numerology Tip: What Number says about you!!!

Numerology: Will name change benefit the movie #Padmaavat?

Numerology: Number 18 and its Impact

Testimoney – Numerology and Vastu Consultation

 

 

Disclaimer

 

Jyotish ke anusaar apka khaan paan

आइए जानें कि ये 9 मसाले कौन से है और ये किस प्रकार ग्रहों का प्रतिनिधित्व करते हैं व इनके पीछे छिपी वैज्ञानिकता क्या है ?

1. नमक (पिसा हुआ) सूर्य

2. लाल मिर्च (पिसी हुई) मंगल

3. हल्दी (पिसी हुई ) वृहस्पति

4. जीरा (साबुत या पिसा हुआ) राहु-केतु

5. धनिया (पिसा हुआ) बुध

6. काली मिर्च (साबुत या पाउडर) शनि

7. अमचूर (पिसा हुआ) केतु

8. गर्म मसाला (पिसा हुआ) राहु

9. मेथी (मंगल)

ध्यान दे—दीर्घायु और निरोगी रहने के लिये रसोई घर में बैठकर भोजन करना अत्यन्त लाभदायक होता है क्योंकि भोजन सामग्री पकाते समय उठने वाली सुगंध स्वयं में ऐसी दवाई है जो रामबाण का कार्य करती है। जिसे ग्रहण करने मात्र से छोटे-छोटे रोग स्वयं ही दूर भाग जाते है और यही कारण है कि स्त्रियों की आयु पुरुषों की अपेक्षा अधिक होती है। रसोई घर में भोजन करने के अनेकानेक लाभ है। जैसेः-

भोजन ताजा रूप में ग्रहण किया जाता है जो पोषक तो होता ही है शीघ्र हजम भी हो जाता है।

रसोईघर में भोजन करने से काया निरोगी रहती है।

रसोई घर में भोजन करने से आयु में वृद्ध होती है।

रसोईघर में भोजन करने से याददाश्त बढ़ाई जा सकती है।

रसोईघर में इकट्ठा बैठकर भोजन करने से पारिवारिक सदस्यों में प्यार और सौहार्द बढ़ता है व घर का वातावरण सुखी व समृद्ध होता है।

===================================================

मेष राशि—

मेष राशि में जन्मे लोग बिना सोचे-समझे कुछ भी खाने-पीने लगते हैं. इस राशि के लोगों को जब भी भूख लगती है, वो बिना कुछ समझे, जो मिल जाए वो खाना शुरू कर देते हैं. ऐसे में मेष राशि वाले मोटापे का शिकार आसानी से हो जाते हैं.

इस राशि के लोगों को कार्बोहाइड्रेट से ज्यादा प्रोटीन को अपने आहार में शामिल करना चाहिए. मेष राशि के लोगों के लिए मस्तिष्क उनका सबसे जरुरी अंग माना जाता है इसलिए उसे पोषित करने के लिए उन्हें एमिनो एसिड लेना चाहिए जो प्रोटीन से लिया जा सकता है.

मेष राशि के ज्‍यादातर लोगों को सिरदर्द और साइनस की समस्‍या रहती है। शरीर में नमक का स्‍तर कम होने के कारण यह कमजोरी और तनाव महसूस करते है।

डायट प्‍लान :— सूखे खुबानी, केला, अंजीर, ब्रोकली, बीन्स, ब्रसेल्स स्प्राउट्स, पालक, गोभी, खीरा, कद्दू, बाउन राइस, दाल, स्वोर्डफ़िश और अखरोट को अपने आहार में शामिल करें!

वृषभ राशि—

इस राशि के लोग टेस्टी खाना, खाने के शौकीन होते हैं. लेकिन हेल्थी डाइट से उतना ही दूर रहते हैं. इस राशि के लोग अपनी भूख से भी ज्यादा खा लेते हैं क्योंकि इनका मन स्वादिष्ट खाने में ही अटका रहता है. पेट भर जाने पर भी वृषभ राशि वाले खाते जाते हैं और फिर अक्सर ओवरईटिंग की वजह से परेशान होते हैं.

इस राशि के लोगों को नीचे बैठ कर भोजन करना चाहिए, साथ ही सब्जियों और सलाद को अपनी डाइट में अधिक शामिल करना चाहिए. यही नहीं वृषभ राशि वालों को मीठे खाद्य पदार्थों और रिच फूड से बचना चाहिए अन्यथा डायबिटीज, हाई ब्लडप्रेशर, मोटापा और अन्य इनसे जुड़ी बीमारियां होने का खतरा हो सकता है.

वृषभ राशि के लोग स्‍ट्रेस ज्‍यादा लेते हैं, जिसका बुरा असर उनके शारीरिक और मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य पर पड़ता है।

डायट प्‍लान :— नट्स, अंडे, समुद्री भोजन, पालक, हरी सलाद, क्रेनबेरीज और बींस अधिक मात्रा में खाएं।

मिथुन राशि—

इस राशि के लोग एक्सरसाइज और फिजिकल एक्टिविटी पर अधिक ध्यान देते हैं और उसी के अनुसार अपना डाइट प्लान बनाते हैं. इस राशि के लोगों का शरीर जितनी जल्दी मोटा होता है उतनी ही जल्दी पतला भी हो जाता है लेकिन यदि फिजिकल एक्टिविटी बनी रहें तो! यह राशि मेहतन करने वाले लोगों की राशि है इसलिए इन लोगों में फिट रहने की आदत होती है.

मिथुन राशि वाले लोगों को फ़ास्ट-फूड से बचना चाहिए क्योंकि इस राशि के जातकों का नर्वस सिस्टम कमज़ोर होता है. अक्सर ये लोग भाग कर ही खाते-पीते हैं जिसकी वजह से भी इनका पाचन तंत्र गड़बड़ी में रहता है.

इस राशि के लोग छोटी-छोटी बातों पर बहुत चिंता करते हैं और हमेशा तनाव में नजर आते हैं। इन्‍हें कैफीन और बहुत ज्‍यादा शराब से दूर रहना चाहिए।

डायट प्‍लान :— ऐसे लोगों को अपने आहार में शतावरी, अंगूर, बादाम, शैलफिश, सेब, संतरा, आड़ू, प्लम, दूध, छाछ और पनीर अधिक मात्रा में शामिल करना चाहिए।

कर्क राशि—

इस राशि के लोग मूडी होते हैं और खाने-पीने में भी अपने मूड के हिसाब से डाइट लेते हैं. कर्क राशि के लोग आरामदायक तरीके से खाते हैं और ख़ुशी में होने पर या दुखी होने पर अपने आहार को ज्यादा या कम कर देते हैं. कई बार इस राशि के लोग जरूरत से ज्यादा और कई बार बिलकुल नहीं खाते हैं | इस राशि के लोगों को बचपन से ही अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखना चाहिए. चूंकि इस राशि के लोगों को स्तन और पेट से सम्बंधित बीमारियां होने की संभावनाएं होती हैं इसलिए इन्हें अपने खान-पान का खास ख्याल रखना चाहिए | इस राशि के लोग ओवरईटिंग का शिकार होते हैं। विशेष रूप से जब यह किसी बात को लेकर परेशान होते हैं तो ये अपनी भूख से कुछ ज्‍यादा ही खाते हैं।

डायट प्‍लान :— अंगूर, संतरा, तरबूज, स्ट्रॉबेरी, ब्लूबेरी, सलाद पत्ता, अजवायन, लेमनग्रास, मछली और शैलफिश से फायदा मिलता है।

सिंह राशि—

इस राशि के लोगों को अपने आपको खुश रखने के लिए, आहार का सहारा लेना चाहिए. आपके द्वारा लिया गया आहार आपके मन, सोच और व्यवहार को आपके व्यक्तित्व के अनुसार बदलने में सहायक होता है. आप अपने सकारात्मक आचरण को बनाए रखने के लिए सब्जियों का सहारा ले सकते हैं. ऐसे लोगों को आप अवॉयड करें जो आपके प्रयासों की आलोचना करते हैं | इस राशि के जातकों को अपने आहार से कार्बोहाइड्रेट को दूर रखना चाहिए और सब्जियों को ज्यादा स्थान देना चाहिए | ये लोग बहुत ही जल्‍दी और आसानी से मोटापे का शिकार हो जाते हैं। इसलिए लो-फैट लेवल आपको स्‍वस्‍थ रखने के लिए आवश्‍यक है।

डायट प्‍लान :— सिंह राशि के लोगों को बादाम, होल वीट, खजूर, अखरोट, किशमिश, चुकंदर, नारियल, नींबू, आड़ू, नाशपाती, अंजीर, मीट, समुद्री भोजन और शतावरी को अपने आहार में शामिल करना चाहिए।

कन्या राशि—

इस राशि के लोगों का हर रिजल्ट तुरंत चाहिए होता है, जल्दी खाना और जल्दी ही उसका असर हो जाना! ऐसे लोग मोटे हो जाएं तो पतले होने के लिए कई डाइट प्लान अपनाते हैं और चाहते हैं कि उसका असर जल्द हो जाए और जब ऐसा नही होता है तो, वो लोग फिर दूसरा प्लान बनाने लगते हैं. बड़े ही चंचल मन के होते हैं कन्या राशि के जातक | ऐसे लोगों को एलर्जी ज्यादा होती है और उनसे बचने के लिए इन्हें जैविक आहार लेने चाहिए. कन्या राशि के जातकों को त्वचा से सम्बंधित परेशानियों का सामना करना पड़ता है इसलिए इन्हें खाने पीने का खास ख्याल रखना चाहिए | कन्‍या राशि के लोग बहुत जल्‍दी चिंताग्रस्‍त हो जाते हैं, इससे उनका पाचन तंत्र कमजोर हो जाता है। साथ ही इस राशि के जातकों को अपनी परतदार, थकान भरी और ड्राई स्किन का ध्‍यान रखना चाहिए।

डायट प्‍लान :— ओट्स, होल वीट अनाज ब्रेड, तरबूज, पपीता, संतरा, केला, पनीर और अंडे को अपने आहार में शामिल करें।

तुला राशि—

इस राशि के लोग खाने में बड़े चूज़ी किस्म के होते हैं. ये लोग आसानी से अपने आहार को बदलते रहते हैं या ये कहें की इन्हें नये-नये व्यंजन खाना बेहद पसंद होता है लेकिन ये पोषण को अपने खाने से दूर ही रखते हैं.

इस राशि के लोगों को गुर्दे और डायबिटीज जैसी बीमारियां होती है इसलिए इन्हें अपने आहार में पोटेशियम से भरपूर आहार लेना चाहिए, जैसे- केला, पत्तेदार सब्जियां, मछली और दही अधिक खाएं | इस राशि के लोगों को लिवर से जुड़ी समस्‍याएं होती है। इसलिए इन्‍हें बहुत ज्‍यादा अल्‍कोहल लेने और प्रोसेस्‍ड फूड से बचना चाहिए।

डायट प्‍लान :— तुला राशि वालों को अपनी डायट में स्ट्रॉबेरी, चुकंदर, कोर्न, गाजर, सेब, किशमिश, अंडा, समुद्री भोजन, कम वसा वाले पनीर और दही को शामिल करना चाहिए।

वृश्चिक राशि—

इस राशि के लोग मजबूत इच्छा शक्ति के मालिक होते हैं. ये लोग अपनी भावनाओं को कंट्रोल करने में माहिर होते है जिसके कारण ये कुछ भी सोच लें उसे पूरा करके छोड़ते हैं. ऐसे लोग अपनी तकलीफों को छिपा कर दूसरों को खुश करने की कोशिश करते हैं और इसी के चलते कई बार दूसरों के द्वारा परोसा गया भोजन खा लेते हैं.

ऐसे लोगों को आंत और कब्ज की शिकायत होने की संभावनाएं रहती हैं इसलिए इस राशि के जातकों को हाई फाइबर, सलाद और हरी सब्जियों को शामिल करना चाहिए | इस राशि के लोग बहुत ज्‍यादा भावनात्‍मक होने के कारण अक्‍सर भावनात्‍मक तनाव से ग्रस्‍त रहते है। इन्‍हे संक्रमण का खतरा भी ज्‍यादा रहता है।

डायट प्‍लान :— चीज, दूध, दही, अखरोट, बादाम, अनानास, कमल ककड़ी, खट्टे फल और सी -फूड ज्‍यादा खायें।

धनु राशि—

धनु राशि के लोग अपने लक्ष्य को पाने के लिए जम के मेहनत करते हैं और जल्द ही उसका परिणाम चाहते हैं. ऐसे लोग जिम आदि ज्वाइन कर अपनी सेहत बनाने के लिए खून पसीना बहाते हैं. इस राशि के जातकों का लीवर कमज़ोर होता है इसलिए इन्हें अधिक वसा और फैट वाले आहार नहीं लेने चाहिए.

ऐसे लोगों को क्रीम, नमक और चीनी का सेवन नियंत्रण में रह कर करना चाहिए और लीवर को स्वस्थ रखने के लिए पानी अधिक पीना चाहिए | इस राशि के लोगों का वजन जल्‍दी बढ़ने लगता है, विशेष तौर पर इनके जांघों और कूल्‍हों पर बहुत जल्‍दी फैट बढ़ने लगता है। इसलिए इन्‍हें शराब और फैट वाले आहार का सेवन कम करना चाहिए।

डायट प्‍लान :— संतरे, प्लम, स्ट्रॉबेरी, अंजीर, ब्रसेल्स स्प्राउट्स, चेरी, शतावरी, हरी मिर्च, आलू और टमाटर, ओट्स, अंडे, होल वीट, स्किम्ड मिल्‍क, मछली और दही का सेवन करें।

मकर राशि—

मकर राशि के लोग अपनी मंजिल को पाने के लिए आतुर रहते हैं. ऐसे लोग रातोंरात सफलता पाना चाहते हैं. अपनी बातों से आसानी से लोगों को लुभाने वाले मकर राशि के जातक अदरक खाना और पीना अधिक पसंद करते हैं. एल्कोहल में बीयर, वो भी अदरक बीयर, इन्हें बेहद पसंद होती है | ये लोग एरोबिक्स और वजन कंट्रोल करने के लिए डिसिप्लिन रहते हैं. इस राशि के लोगों को कैल्शियम की कमी हो सकती है इसलिए इन्हें दूध, अंडा आदि कैल्शियम से भरपूर डाइट लेनी चाहिए | मकर राशि के ज्‍यादातर लोगों को कम उम्र में ही कमजोर हड्डियों और जोड़ो के दर्द की समस्‍या हो सकती है। इसलिए इनके आहार में कैल्शियम से भरपूर खाद्य पदार्थ होने चाहिए।

डायट प्‍लान : —इस राशि के जातकों को ब्रोकली, अंजीर, संतरा, नींबू, गोभी, मटर, आलू और पालक, भूरे रंग के चावल, ओट्स, बादाम, अखरोट, अंडे, मछली, पनीर, छाछ और दही लेना चाहिए।

कुंभ राशि—

असामान्य तरीकों से लोगों को प्रभावित करने में माहिर होते हिं कुंभ राशि वाले. यह मूल आहार को अपनी डाइट का मुख्य हिस्सा मानते है. यह लोग बोर होने पर अपना खाना भी छोड़ देते हैं. हर बार कुछ नया अपनाना और करना ही इनका मूड होता है, जिसे यह लोग आसानी से अडॉप्ट कर लेते हैं और छोड़ भी देते हैं.

कुंभ राशि वाले शराब की गिरफ्त में आसानी से आ जाते हैं और उसे छोड़ना मुश्किल हो जाता है इससे बचने के लिए इन्हें अदरक बीयर लेनी चाहिए. कुंभ राशि के ज्‍यादातर लोगों में हाई बीपी की समस्‍या देखी जाती है।

डायट प्‍लान : — आड़ू, नाशपाती, अंजीर, नींबू, खजूर, अनार, गोभी, स्ट्रॉबेरी, कॉर्न, अजवाइन, मिर्च, मूली, टमाटर, दाल, ब्राउन राइस, बादाम, चिकन, वील, क्लेम, झींगा और ट्यूना शामिल करें।

मीन राशि—

इन्हें परफेक्शन चाहिए होता है हर चीज़ में, फिर वो रोज की डाइट ही क्यों न हो. इसके लिए यह भोजन को अधिक सजा कर खाना और पेश करना पसंद करते हैं. लेकिन अक्सर ओवर-इटिंग की वजह से यह परेशान हो जाते हैं | मीन राशि वालों को डांस, योगा और मैडिटेशन करना चाहिए ताकि यह अपने भावों को ठीक से व्यक्त कर सकें. इन लोगों को अधिक पानी पीने या तरल पदार्थों को अधिक लेना चाहिए. इन्हें पिट्यूटरी ग्रंथि की समस्या होने की सम्भवना होती हैं इसलिए इससे बचने के लिए तरल चीज़े अधिक लेनी चाहिए. इस रा‍शि से संबंधित लोग जुकाम, फ्लू और संक्रमण से ग्रस्त होते हैं।

डायट प्‍लान :– मीन राशि वालों को अपने आहार में चिकन, कस्तूरी, बींस, होल वीट, संतरे, चुकंदर, सलाद, प्याज, सेब को शामिल करना चाहिए।

रविवार को चना, सोमवार को खीर अथवा दूध, मंगलवार को चूरमा तथा हलवा, बुधवार को हरी सब्जी, गुरुवार को चने की दाल अथवा बेसन का प्रयोग, शुक्रवार को मीठा दही और शनिवार को उड़द का सेवन करने से सभी ग्रह प्रसन्न रहते हैं। तो अब आप समझ गए ना की की आपको अपनी राशि के अनुसार क्या खाना और पीना हैं तो बस अपना डाइट चार्ट बनाकर खाएं-पिएं और स्वस्थ रहें!!!

Courtesy Unknown

Rohitt Shah

Mystic Solutions

Vastu Acharya and Master Numerologist

9049410786

7776034447

CAREER GROWTH for Number 3:

Number 3 is associated with planet Jupiter (Guru). List of profession best suited for number 3 person. If you wish to have growth in your career then there are many remedies one needs to follow; here are the few simple remedies one can follow.

No 3 people should never wear Diamond

Please do note that remedies works best if Name number is best aligned with your date of birth.

Career Growth with Numbers - Number 3 by Mystic Solutions

 

Rohitt Shah (B. Eng., CSM)

Vastu Acharya, Master Numerologist

Lal Kitab and iBazi consultant

Contact:

eMail: MysticValues@gmail.com

Call: +9049410786 OR +7776034447

Online:  www.MasterNumerologist.in

www.MantraTantraYantras.com

Blog: www.iBlogsAbout.com

==========================================================================

Comments are most welcome. If you need any specific help then do post question(s) and we will do our level best to address in upcoming post(s).

Rohitt Shah (Vastu Acharya – Numero Vastu Guru)

Mahavastu, Numerology, Bazi and Lal Kitab Consultant

Our Online presences and links to follow US

NOTE: One need to ensure that they locate the direction accurately for tips to work. We work on 16 zones (directions) so make sure you plot the direction accurately.

16 Zones (directions): North, North of NE, North-East(NE), East of NE East, East of SE, South-East (SE), South of SE, South, South of SW, South-West (SW), West of SW, West, West of NW, North-West (NW), North of NW. Each zone carries its own attributes, colours, patterns and associations with 5 elements (Water, wood, Fire, Earth and Space).

Other Useful Numero Tips /articles:

Numerology Tip: Numerology Tip: Born from year 2000 onwards; You must Read

Numerology Tip: Your Birthdate and Numerology

Numerology Tip: What is Numerology

Numerology Tip: What Number says about your Profession!!!

Numerology Tip: What Number says about you!!!

Numerology: Will name change benefit the movie #Padmaavat?

Numerology: Number 18 and its Impact

Testimoney – Numerology and Vastu Consultation

 

 

Disclaimer

 

CAREER GROWTH for Number 2:

Number 2 is associated with planet MOON. List of profession best suited for number 2 person. If you wish to have growth in your career then there are many remedies one needs to follow; here are the few simple remedies one can follow.

Please do note that remedies works best if Name number is best aligned with your date of birth.

CAREER GROWTH with Numbers - Main Number 2

 

Rohitt Shah (B. Eng., CSM)

Vastu Acharya, Master Numerologist

Lal Kitab and iBazi consultant

Contact:

eMail: MysticValues@gmail.com

Call: +9049410786 OR +7776034447

Online:  www.MasterNumerologist.in

www.MantraTantraYantras.com

Blog: www.iBlogsAbout.com

==========================================================================

Comments are most welcome. If you need any specific help then do post question(s) and we will do our level best to address in upcoming post(s).

Rohitt Shah (Vastu Acharya – Numero Vastu Guru)

Mahavastu, Numerology, Bazi and Lal Kitab Consultant

Our Online presences and links to follow US

NOTE: One need to ensure that they locate the direction accurately for tips to work. We work on 16 zones (directions) so make sure you plot the direction accurately.

16 Zones (directions): North, North of NE, North-East(NE), East of NE East, East of SE, South-East (SE), South of SE, South, South of SW, South-West (SW), West of SW, West, West of NW, North-West (NW), North of NW. Each zone carries its own attributes, colours, patterns and associations with 5 elements (Water, wood, Fire, Earth and Space).

Other Useful Numero Tips /articles:

Numerology Tip: Numerology Tip: Born from year 2000 onwards; You must Read

Numerology Tip: Your Birthdate and Numerology

Numerology Tip: What is Numerology

Numerology Tip: What Number says about your Profession!!!

Numerology Tip: What Number says about you!!!

Numerology: Will name change benefit the movie #Padmaavat?

Numerology: Number 18 and its Impact

Testimoney – Numerology and Vastu Consultation

 

 

Disclaimer

 

CAREER GROWTH for Number 1:

Number 1 is associated with planet SUN. List of profession best suited for number 1 person. If you wish to have growth in your career then there are many remedies one needs to follow; here are the few simple remedies one can follow.

Please do note that remedies works best if Name number is best aligned with your date of birth.

 

CAREER GROWTH with Numbers - Main Number 1.jpeg

Rohitt Shah (B. Eng., CSM)

Vastu Acharya, Master Numerologist

Lal Kitab and iBazi consultant

Contact:

eMail: MysticValues@gmail.com

Call: +9049410786 OR +7776034447

Online:  www.MasterNumerologist.in

www.MantraTantraYantras.com

Blog: www.iBlogsAbout.com

==========================================================================

Comments are most welcome. If you need any specific help then do post question(s) and we will do our level best to address in upcoming post(s).

Rohitt Shah (Vastu Acharya – Numero Vastu Guru)

Mahavastu, Numerology, Bazi and Lal Kitab Consultant

Our Online presences and links to follow US

NOTE: One need to ensure that they locate the direction accurately for tips to work. We work on 16 zones (directions) so make sure you plot the direction accurately.

16 Zones (directions): North, North of NE, North-East(NE), East of NE East, East of SE, South-East (SE), South of SE, South, South of SW, South-West (SW), West of SW, West, West of NW, North-West (NW), North of NW. Each zone carries its own attributes, colours, patterns and associations with 5 elements (Water, wood, Fire, Earth and Space).

Other Useful Numero Tips /articles:

Numerology Tip: Numerology Tip: Born from year 2000 onwards; You must Read

Numerology Tip: Your Birthdate and Numerology

Numerology Tip: What is Numerology

Numerology Tip: What Number says about your Profession!!!

Numerology Tip: What Number says about you!!!

Numerology: Will name change benefit the movie #Padmaavat?

Numerology: Number 18 and its Impact

Testimoney – Numerology and Vastu Consultation

 

 

Disclaimer

 

%d bloggers like this: